जिसके लिए अंचल नाजिर को निर्देश दिया गया है कि उक्त रैयती जमीन नापी में लगने वाले समय के हिसाब से नापी हेतू एनआर निर्गत करें।वहीं अंचल अमीन को निदेशित किया गया है कि अभिलेख खोलकर नापी की तिथि निर्धारित करें। वहीं सीओ ने बताया कि वर्णित तथ्यों के आलोक में नदी थानाध्यक्ष को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा है।सूत्र बताते हैं कि उक्त किसानों की जमीन समीपवर्ती मधेपुरा जिला के चौसा अथवा अन्य क्षेत्र से सटा है।