परदे के पीछे रहकर राजनीति करेंगे 'दिग्गज' परिवार

रायबरेली:बीते30सालमेंछहबारजिलापंचायतअध्यक्षचुनेगए।हरबारएकनयाचेहराइसकुर्सीपरबैठानजरआया।कहनेकेलिएतोइन्हेंकिसीनकिसीदलकासमर्थनथा,लेकिनराजदोदिग्गजराजनैतिकपरिवारोंकाहीरहा।15सालसेइनकेस्वजनहीमुखियारहे।जबकिअबकीइनघरानोंकोपरदेकेपीछेकीराजनीतिहीकरनीहोगी।

जिलापंचायतमेंअबतकदोपरिवारोंकाहीशासनचलताआयाहै।कहनेकेलिएतोवर्ष1995मेंसुदर्शनरामऔर2000मेंगणेशप्रतापमौर्यअध्यक्षथे,लेकिनयहांशासनपूर्वसदरविधायकअखिलेशसिंहकाचलताथा।इसकेबादवर्ष2006मेंअशोकसिंहनेयहगद्दीसंभाली।यहभीपूर्वविधायकअखिलेशसिंहकेपरिवारसेजुड़ेथे।वर्ष2011मेंचुनावहुआतोजिलापंचायतइसपरिवारकेहाथसेनिकलीऔरपंचवटीकीझोलीमेंचलीगई।उसवक्तहीनहीं,इससमयभीयहपंचवटीपरिवारकीगिनतीबड़ेराजनैतिकघरानोंमेंहोतीहै।पहलेइसपरिवारकीबहूसुमनसिंहअध्यक्षबनीं,इसकेबाददोबाराइसीघरकेबेटेअवधेशसिंहनेयहकुर्सीसंभाली।

शासनकेचक्रनेकयासोंपरलगाएविराम

जिलापंचायतमेंइनपरिवारोंकीदिलचस्पीकोदेखइसबारभीयहसीटअनारक्षितहोनेकेकयासलगाएजारहेथे,लेकिनसरकारकेचक्रनेसारीचर्चाओंपरविरामलगादिया।अबकीबारअनुसूचितजातिकेलिएयहसीटआरक्षितकीगईहै।ऐसेमेंइनदोनोंहीपरिवारोंकासीधादखलजिलापंचायतमेंनहींरहेगा।

रायबरेलीकांग्रेसकागढ़तोजिलापंचायतरहाकिला

जिलाकांग्रेसकागढ़तोजिलापंचायतउसकाकिलारहाहै।राजनीतिसेजुड़ेलोगबतातेहैंकिसपानेताअशोकसिंहकोछोड़देतोंअन्यसभीअध्यक्षकांग्रेसकेहीसमर्थितप्रत्याशीथे।फिरचाहेवहपंचवटीपरिवारकीबहूऔरबेटाहीक्योंनरहेहों।